मस्तूरी। जनपद पंचायत मस्तूरी के सभा कक्ष में सोमवार को आयोजित जीवनदीप समिति की बैठक में क्षेत्र की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को लेकर जनप्रतिनिधियों ने जमकर नाराजगी जताई। बैठक में अस्पतालों में संसाधनों की कमी, साफ-सफाई, दवाओं की उपलब्धता, जांच सुविधाओं और आपातकालीन व्यवस्थाओं को लेकर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से जवाब मांगा गया।

बैठक में मस्तूरी विधायक दिलीप लहरिया ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और उपस्वास्थ्य केंद्रों की स्वच्छता व्यवस्था पर चिंता जताते हुए अस्पताल परिसर, वार्डों और मरीजों के आसपास नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने की बात कही। उन्होंने मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य वातावरण उपलब्ध कराने को विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी बताया।
जनपद पंचायत उपाध्यक्ष नितेश सिंह ठाकुर ने क्षेत्र में बढ़ रही सर्पदंश की घटनाओं का मुद्दा उठाते हुए अस्पतालों में पर्याप्त स्नेक एंटी वेनम उपलब्ध नहीं होने पर नाराजगी जताई। उन्होंने रेबीज के मरीजों को समय पर इंजेक्शन नहीं मिलने और बरसात के दौरान बिजली व्यवस्था प्रभावित होने की स्थिति में अस्पताल में जनरेटर की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने पर भी सवाल उठाए।

वहीं जनपद सदस्य ज्वाला बंजारे ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मस्तूरी में एक्स-रे, सोनोग्राफी और एंबुलेंस जैसी आवश्यक सुविधाओं की कमी का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि सामान्य जांच के लिए भी मरीजों को बिलासपुर जाना पड़ता है, जिससे गरीब परिवारों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ता है।
बैठक में अन्य जनप्रतिनिधियों ने भी दवाओं की कमी, स्टाफ की अनुपस्थिति, जांच सुविधाओं के अभाव और ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति पर सवाल उठाए। जनप्रतिनिधियों ने चेतावनी दी कि जल्द व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो आंदोलन किया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने समस्याओं के निराकरण और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया।

