पुरानी बस्ती खरसिया में पुरानी रंजिश ने हिंसक रूप ले लिया। 12 फरवरी की रात दो पड़ोसी परिवारों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि युवक पर फरसीनुमा हथियार से जानलेवा हमला कर दिया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए खरसिया पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
प्रार्थिया श्रीमती सरस्वती बाई श्रीवास (58 वर्ष), निवासी वार्ड क्रमांक 6 पनखतियापार, ने रिपोर्ट दर्ज कराई कि उनका पुत्र अश्वनी श्रीवास गली में खड़ा था, तभी पड़ोसी संजय बेरा और उसका पुत्र अजीत बेरा गाली-गलौज करते हुए मारपीट करने लगे। बीच-बचाव करने पहुंची सरस्वती बाई के साथ भी मारपीट की गई। आरोप है कि अजीत बेरा घर से लोहे की फरसी लाकर अश्वनी पर जान से मारने की नीयत से वार किया।

घायल अश्वनी को पहले सिविल अस्पताल खरसिया ले जाया गया, जहां से गंभीर हालत में फोर्टिस जिन्दल अस्पताल रायगढ़ रेफर किया गया। मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 118(1) और 109 के तहत हत्या के प्रयास का मामला दर्ज किया।
एसडीओपी प्रभात पटेल के पर्यवेक्षण एवं चौकी प्रभारी निरीक्षक अमित तिवारी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने आरोपी 1. जीत उर्फ अजीत बेरा (20 वर्ष), 2. संजय बेरा (50 वर्ष) एवं 3. श्रीमती मिठ्ठू बेरा (43 वर्ष) को हिरासत में लिया। आरोपियों के मेमोरेंडम पर घटना में प्रयुक्त फरसी भी जप्त की गई।
एसएसपी शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश:
आपसी विवाद को हिंसक रूप देने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। कानून हाथ में लेने की इजाजत किसी को नहीं है। शांति व्यवस्था भंग करने वालों पर कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।

